कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने डॉ. रघुवंश प्रसाद सिंह के संघर्षपूर्ण राजनीतिक एवं सामाजिक जीवन को याद किया। वक्ताओं ने कहा कि रघुवंश बाबू का संपूर्ण जीवन जनसेवा, सादगी और समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति के अधिकारों की आवाज उठाने के लिए समर्पित रहा। उन्होंने अपने सार्वजनिक जीवन में किसानों, गरीबों, मजदूरों एवं वंचित वर्गों से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाया और जनहित को हमेशा सर्वोपरि रखा।
कार्यक्रम में अपने विचार रखते हुए उनके संघर्षपूर्ण जीवन, जनहित में किए गए उल्लेखनीय कार्यों तथा समाज और देश के प्रति उनके अमूल्य योगदान को स्मरण किया गया। वक्ताओं ने कहा कि रघुवंश प्रसाद सिंह की राजनीतिक कार्यशैली और सरल व्यक्तित्व आज भी सामाजिक एवं सार्वजनिक जीवन में सक्रिय लोगों के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
कार्यक्रम का आयोजन रघुवंश बाबू के भतीजे मुकेश सिंह द्वारा किया गया, जबकि मंच संचालन पी.के. चौधरी ने किया।
कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने रघुवंश बाबू के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी तथा उनके बताए जनसेवा, सादगी और सामाजिक न्याय के मार्ग पर चलने का संकल्प लिया।
वक्ताओं ने कहा कि रघुवंश प्रसाद सिंह के विचार और जनसेवा के आदर्श आने वाली पीढ़ियों को भी समाज एवं प्रदेश की बेहतरी के लिए कार्य करने की प्रेरणा देते रहेंगे। उनकी सादगी, संघर्षशीलता और जनहित के प्रति प्रतिबद्धता सार्वजनिक जीवन में सदैव स्मरणीय रहेगी।
रिपोर्ट/प्रकाशन : 14 सितंबर 2026

