इस अवसर पर बिहारी वेल्फेयर सोसाइटी (BWS) के राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय भाई, मां कौशल्या देवी फाउंडेशन ट्रस्ट के अध्यक्ष के. एल. गुप्ता एवं समाजसेवी शिव शुक्ला (NRI) ने डॉ. विजय कुमार झा से मुलाकात कर उन्हें छठ महापर्व की स्मारिका भेंट की और सम्मानित किया।
कार्यक्रम के दौरान बिहार की लोक आस्था और सांस्कृतिक परंपराओं, विशेष रूप से छठ महापर्व, के महत्व पर चर्चा हुई। उपस्थित लोगों ने कहा कि छठ पूजा केवल धार्मिक आस्था का पर्व नहीं, बल्कि प्रकृति, सूर्योपासना, लोक संस्कृति, पारिवारिक संस्कार और सामाजिक समरसता से जुड़ी बिहार की विशिष्ट पहचान है। देश के विभिन्न हिस्सों में रहने वाले बिहार और पूर्वांचल के लोग छठ के माध्यम से अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जुड़े रहते हैं।
इस अवसर पर डॉ. विजय कुमार झा ने छठ पूजा की स्मारिका भेंट किए जाने पर आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति और इतिहास की विविध परंपराओं को संरक्षित करना तथा नई पीढ़ी तक पहुंचाना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।
उल्लेखनीय है कि श्री महावीरजी स्थित म्यूजियम ऑफ जैन आर्ट एण्ड कल्चर में जैन कला एवं संस्कृति से संबंधित विभिन्न ऐतिहासिक और धार्मिक वस्तुओं का संग्रह प्रदर्शित किया जाता है। भारत सरकार के संस्कृति मंत्रालय की Directory of Museums in India में भी इस संग्रहालय का उल्लेख धार्मिक संग्रहालय के रूप में किया गया है।
बिहार की सांस्कृतिक पहचान को देश के विभिन्न क्षेत्रों से जोड़ने वाले ऐसे संवाद और सम्मान कार्यक्रम सामाजिक एवं सांस्कृतिक समन्वय को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।







































